रिपोर्टर मयंक गुप्ता
महासमुंद / मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय शनिवार 18 जनवरी को महासमुंद के दौरे पर रहेंगे। वे महासमुंद पहुंचकर महाप्रभु वल्लभाचार्य स्नातकोत्तर माविद्यालय मचेवा महासमुंद में स्वामित्व कार्ड वितरण कार्यक्रम में शामिल होंगे। प्रोटोकॉल से मिली जानकारी के अनुसार मुख्यमंत्री श्री साय पुलिस ग्राउंड हेलीपैड रायपुर से सुबह 11.35 बजे महासमुंद के लिए हेलीकॉप्टर से रवाना होंगे तथा 11.55 बजे महासमुंद पहुंचेंगे। कार्यक्रम समाप्ति पश्चात वे दोपहर 2.05 बजे जेठा सक्ती के लिए प्रस्थान करेंगे।
धान खरीदी केन्द्रों के पर्यवेक्षण और पदीय दायित्वों का निर्वहन में जानबूझकर लापरवाही बरतने के कारण हुआ निलंबन
रिपोर्टर मयंक गुप्ता
महासमुंद / राज्य शासन के समर्थन मूल्य पर धान उपार्जन कार्य के अंतर्गत उपार्जन केंद्रों के निरीक्षण और पर्यवेक्षण में लापरवाही और कदाचरण के आरोप में एस.के. डे, वरिष्ठ सहकारी निरीक्षक एवं प्रभारी सहकारिता विस्तार अधिकारी, विकासखंड पिथौरा, जिला महासमुंद को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।
कार्यालय कलेक्टर खाद्य शाखा के माध्यम से प्रेषित प्रतिवेदन के अनुसार संयुक्त आयुक्त सहकारिता एवं पंजीयक सहकारी संस्थाएं, रायपुर छत्तीसगढ़ द्वारा यह कार्रवाई छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम, 1965 के नियम-3 और छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियम, 1966 के नियम-9 के तहत की गई है। एस.के.डे पर जानबूझकर लापरवाही और मनमानी करने का आरोप है। जिससे राज्य शासन के महत्वपूर्ण कार्य में बाधा उत्पन्न हुई। यह आचरण सेवा नियमों के प्रतिकूल पाया गया। निलंबन के दौरान एस.के.डे का मुख्यालय उपायुक्त सहकारिता एवं उप पंजीयक, सहकारी संस्थाएं, जिला बलौदाबाजार-भाटापारा में निर्धारित किया गया है। इस अवधि में उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता पाने की पात्रता होगी।
उल्लेखनीय है कि, विगत शुक्रवार को कलेक्टर विनय कुमार लंगेह द्वारा विकासखण्ड पिथौरा के पथरला, जाडामुड़ा, आरंगी और नरसैयापालम धान खरीदी केन्द्रों का औचक निरीक्षण किया गया था। जिसमें एस.के.डे. द्वारा विकासखण्ड पिथौरा में संचालित धान उपार्जन केन्द्रों में समुचित रूप से निरीक्षण एवं पर्यवेक्षण नहीं किया जाना पाया था। इसके अलावा धान के बोरे फड़ में बिना स्टैकिंग के रखा गया था जो भौतिक सत्यापन के योग्य नहीं था। उनके द्वारा शासन के महत्वपूर्ण कार्य धान खरीदी में अपने पदीय दायित्वों के निर्वहन में जानबूझकर लापरवाही किया जाना पाया गया था। फलस्वरूप उन्हें कारण बताओं नोटिस जारी किया गया था।
महासमुंद। पी एम श्री स्टेट प्रोजेक्ट और समग्र शिक्षा छत्तीसगढ़ रायपुर के सहयोग से प्राथमिक शिक्षकों के लिए तीन दिवसीय राष्ट्रीय स्तरीय क्षमता निर्माण प्रशिक्षण कार्यक्रम को सफलतापूर्वक क्रियान्वित करने और छत्तीसगढ़ के तमाम शिक्षकों को इस कार्यक्रम में पार्टिसिपेट करने के लिए हम आशीष गौतम राज्य कार्यक्रम समन्वयक पीएम श्री छत्तीसगढ़ आभार व्यक्त करते हैं। इस कार्यशाला में 103 शिक्षकों को प्रशिक्षण में सम्मिलित किया गया इस कार्यशाला में उपस्थित समस्त प्रतिभागियों को पाँच संभाग में विभाजित किया गया सभी संभाग ज़ोन लीडर बनाए गए दुर्ग संभाग प्रभारी सुब्बा नायडू रायपुर संभाग प्रभारी कामनी साहू सरगुजा संभाग ज्योति माला सिन्हा बस्तार संभाग प्रभारी आशा क़ुरैशी बिलासपुर संभाग प्रभारी दुगेश कमलेश एवं दुगेश पाण्डे टिकेन्द्र चंद्राकर उपस्थित थे।
कार्यक्रम का शुभारंभ प्रो. एम.एस. संथानम डीन, इंटरनेशनल रिलेशंस एंड आउटरीच, अशिष गौतम, विजय रंजन प्रोग्रामर, समग्र शिक्षा छत्तीसगढ़, प्रो. देवप्रिया चट्टोपाध्याय एसोसिएट डीन द्वारा किया गया।
पहले दिन शिक्षकों ने पिंपरी-चिंचवड साइंस पार्क और कल्पकघर का दौरा किया, जो उनके लिए सबसे यादगार अनुभवों में से एक रहा। तारामंडल का दृश्य कल्पना से भी अदभुत था।इस दौरान उन्होंने विज्ञान और नवाचार के कई रोमांचक पहलुओं को करीब से देखा और समझा। दूसरे दिन कार्यक्रम में अशोक सर के द्वारा कबाड़ से जुगाड़ के तहत पुराने पेपर से विभिन्न प्रकार की टोपी व मैथ्स गतिविधियां कराई गई ।सर्वे कर के द्वारा विभिन्न प्रकार के पजल हल करना बैलून से रोमांचक गतिविधि बताया गया । आशीष अरोड़ा सर ने फिजिक्स के कुछ आधारभूत सिद्धांत ऑप्टिक्स इलेक्ट्रॉनिक आदि के बारे में जानकारी दी। रात्रि आकाश दर्शन के साथ शुभ रात्रि। तीसरे दिन श्री अशोक के द्वारा मैग्नेट एक्टिविटी पीपी बजाना, एलईडी जालना, मैक्स एक्टिविटी के बारे में बताया गया। साथ ही में उपस्थित विभिन्न प्रयोगशालाओं का भ्रमण कराया गया।
प्रमाण पत्र वितरण और प्रेरणादायक समापन संबोधन सुनील भागवत निदेशक, पुणे, डॉ. अपर्णा देशपांडे साइंस एक्टिविटी सेंटर, पुणे, अशिष गौतम और विजय रंजन द्वारा किया गया।
कलेक्टर विनय लंगेह ने कृषि और पी डब्ल्यू डी कार्यालय का किया औचक निरीक्षण
सुबह 10 बजे पहुंच कर ली हाजिरीअनुपस्थितअधिकारी-कर्मचारियों को मिलेगा नोटिस
कृषि में 1और पी डब्ल्यू डी में 6 कर्मचारी समय पर नहीं पहुंचे एक दिन का वेतन काटने के निर्देश
रिपोर्टर मयंक गुप्ता
महासमुन्द / कलेक्टर विनय कुमार लंगेह ने आज सुबह ठीक 10 बजे कृषि विभाग़ पहुंचकर कार्यालय का औचक निरीक्षण किया। कलेक्टर ने उपस्थिति पंजी मंगाकर खुद कर्मचारियों की हाजिरी ली और अनुपस्थित कर्मचारी योगेन्द्र वर्मा को नोटिस देने के निर्देश दिए। इस दौरान कृषि उपसंचालक एफ आर कश्यप और अन्य कर्मचारी मौजूद थे । कृषि उपसंचालक ने बताया कि निर्देशानुसार सभी अधिकारी कर्मचारी को समय पर कार्यालय आने के निर्देश दिए गए है जिसका पालन किया जा रहा है । निरीक्षण के दौरान जिला पंचायत सीईओ एस आलोक भी मौजूद थे ।
तत्पश्चात कलेक्टर श्री लंगेह ने लोक निर्माण विभाग का औचक निरीक्षण किया । इस दौरान कार्यालयों में उपस्थिति, कार्यप्रणाली और जनसेवा से जुड़े कार्यों का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान यहां कार्यालयीन समय में 6 कर्मचारी समय पर अपनी ड्यूटी से अनुपस्थित पाए गए,जिनमें लोचन दास ,पोषण ध्रुव, अंजली सोनवानी,अमित कुर्रे और ज्ञानेश ठाकुर ,हेमलाल कोसरे शामिल है । कलेक्टर ने दैनिक उपस्थिति पंजी लेकर स्वयं हाजिरी ली अनुपस्थित कर्मचारियों को नोटिस देने और एक दिन का वेतन काटने के निर्देश कार्यपालन अभियंता श्री चंद्राकर को दिए हैं । उन्होंने सभी कर्मचारियों को दैनिक उपस्थिति पंजी में आते ही हस्ताक्षर करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि शासन की मंशानुरूप समय पर कार्यालय पर पहुंचे और जनता को आवश्यक सेवाएं सुलभता से प्रदान करें। उन्होंने कहा कि सरकारी कार्यों में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और आवश्यकतानुसार अनुशासनात्मक कार्यवाही भी की जाएगी।
उल्लेखनीय है कि एक सप्ताह पूर्व भी कलेक्टर द्वारा एनआईसी, अपर कलेक्टर, चिप्स, निर्वाचन शाखा, स्थापना शाखा, कोषालय, खाद्य, भू-अधीक्षक, आदिवासी, आबकारी, खनिज सहित कलेक्ट्रेट के सभी शाखाओं का निरीक्षण कर उपस्थिति पंजी का अवलोकन किया गया था। जिसमें अनेक अधिकारी कर्मचारी को नोटिस दिया गया था ।
रिपोर्टर मयंक गुप्ता
महासमुंद। नगर पालिका अंतर्गत डॉ. जाकिर हुसैन वार्ड क्रमांक 14 पुराना मछली मार्केट गंजपारा निवासी शुभम बेहरा पिता राकेश बेहरा उम्र 30 की आज दोपहर 2:30 से 3:00 बजे बीच हृदयघात से मौत हो गई है। बताया जा रहा है कि आज शुभम बेहरा को
अचानक सीने में दर्द उठने से परिवारजनों ने प्रारंभिक चिकित्सकीय हेतु पास के ही निजी अस्पताल आदित्य हॉस्पिटल ले गये। जहां पर अस्पताल के चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। मृतक शुभम बेहरा स्थानीय बैंक ऑफ इंडिया बैंक के सामने इडली का ठेला लगाया करता था। प्रतिदिन की भांति आज भी अपनी दुकानदारी करने पश्चात घर पर खाना खाकर आराम करने लेटा हुआ था। उसी दौरान उनकी हृदयगति रुकने से मौत हो गई।
मृतक शुभम बेहरा परिवार का सबसे बड़ा पुत्र था। इनका छोटा भाई शिवम बेहरा उम्र 28 बीजेपी कार्यालय के आगे टी स्टाल चलाया करता है और सबसे छोटा भाई सत्यम महासमुंद के आर के व्यायाम शाला में प्रशिक्षण देने का कार्य करता है।
रिपोर्टर मयंक गुप्ता
महासमुंद / संयुक्त मंच के बैनर तले आज महासमुंद जिले के पांचों ब्लॉक की आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने अपनी 16 सूत्रीय मांगों को लेकर छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री के नाम कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा है।
आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने ज्ञापन में कहा है कि आई सी डी एस छह सेवाओं और पांच उद्देश्यों को लेकर पूरे देश में संचालित हो रहा है। लेकिन जिस प्रकार से हमारे ऊपर विभागीय और गैर विभागीय कार्य लादा जा रहा है उतना कर पाना अवास्तविक और असम्भव है। हमारी मांग यह है कि विभागीय कार्यों में आने वाली तमाम समस्याओं को तत्काल दूर किया जाए और गैर विभागीय कार्य करवाना तत्काल बंद करवाया जाए।
1, मोबाइल में पोषण ट्रैकर एप में आए दिन बदलाव हो रहा है और इसके लिए कार्यकर्ता को किसी भी प्रकार की प्रशिक्षण नहीं मिला है। कई रजिस्टर ऑफलाइन के साथ-साथ ऑनलाइन भी भरना होता है। रोज की सभी गतिविधियां जैसे आंगनबाड़ी खोलना, अनौपचारिक शिक्षण, नाश्ता, खाना एवं गृहभेंट आदि की फोटो अपलोड करनी होती है।
2) पोषण ट्रैकर ऐप में नया अपडेट हआ है जिसके अनुसार हितग्राहीगण गर्भवती माता, शिशुवती माता, 6 माह से 3 वर्ष के बच्चे एवं किशोरी बालिका जिन्हें रेडी टू इट टेक होम राशन दिया जाता है, पहले उनके परिवार से कोई भी आकर लेकर जाता था लेकिन अब परिवार से किसी एक ही सदस्य का फोटो रजिस्टर्ड करना है और इसी व्यक्ति को टेक होम राशन देना होगा और उसी फोटो अपलोड करना होगा। परिवार के किसी दूसरे सदस्य की फोटो अपलोड नहीं हो सकेगी। लेकिन ऐसा नहीं होता है कि परिवार से केवल एक ही व्यक्ति आकर राशन ले जाए। अतः यह अवास्तविक है, इसमें बहुत समस्या हो रही है, यह तार्किक भी नहीं है और न्याय संगत भी नहीं है।
3) पोषण ट्रैकर ऐप के नए वर्जन में जितने भी हितग्राही है उनके आधार नंबर, मोबाइल नंबर के साथ में EKYC करना अनिवार्य किया गया है। इसमें सबसे बड़ी समस्या यह है कि कई बच्चों का आधार कार्ड ही नहीं बना है, उनका मोबाइल नंबर गलत होता है या किसी और का होता है या वह काम नहीं कर रहा होता है। ऐसी स्थिति में हितग्राहियों का एवं बच्चों का ईकेवाईसी EKYC संभव नहीं है। ना उनका जन्म प्रमाण पत्र मिलता है और ना आधार कार्ड। आधार कार्ड बनाने के लिए पुराना जन्म प्रमाण पत्र नहीं माना जा रहा है नया अलग जन्म प्रमाण पत्र बनाना होगा।
इतनी सारी प्रक्रियाएं ग्रामीण व आदिवासी क्षेत्रों में किस प्रकार संभव है? यह नहीं किया जाए तो हितग्राहियों का नाम खारिज हो जाएगा। अर्थात, आंगनबाड़ी के मुख्य उद्देश्य को खतरे में डालकर सिर्फ टेक्निकल एवं मोबाइल ऐप को प्राथमिकता दी जा रही है।
4) राज्य में सबको मोबाइल नहीं मिला है। जिन लोगों को पहले का मोबाइल मिला है वह मोबाइल खराब होता जा रहा है और काम नहीं कर रहा है। ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्रों में नेटवर्क की समस्या है और एक साथ देश भर में इसी एप में काम करते समय एप कई बार काम नहीं करता है। इसके साथ-साथ मोबाइल के जरिए गैर विभागीय कार्य भी करने का भारी दबाव रहता है। यह सभी जानते हैं कि मोबाइल वर्जन हर चार-पांच साल में बदल जाते हैं और मोबाइल पांच साल से अधिक काम नहीं कर पाता है। पिछली महतारी वंदन योजना के दौरान आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को नेटवर्क पाने के लिए रात को 12:00 बजे से 4:00 बजे तक रोज काम करना पड़ा था। इन समस्याओं को सुलझाए बगैर आंगनबाड़ी उद्देश्यपूर्ण ढंग से संचालित करना संभव नहीं है।
5) सुपोषण चौपाल, मोबाइल इंसेंटिव तथा इंटरनेट चार्ज प्रति माह नहीं दिया जाता है, 4-6 महीने में एक बार दिया जाता है। यह भी एक बहुत बड़ी समस्या है।
6) ईंधन की राशि 1 रुपया प्रति हितग्राही प्रतिदिन दी जाती है जो बहुत ही कम है। अगर गैस सिलेंडर है तो उसे आंगनबाड़ी कार्यकर्ता को अपने पैसे से भरवाना होता है। चावल की मात्रा बच्चों के हिसाब से बहुत कम दी जाती है। इन समस्याओं का हल करना आवश्यक है।
B) साथ ही दुख की बात है कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं पर गैर विभागीय कार्य का भी असहनीय व असंभव बोझ लादा जा रहा है। पहले ही आंगनबाड़ी का कार्य बहुत बढ़ गया है और ऑनलाइन हो जाने के कारण काम दुगुने से ज्यादा हो गया है। कार्यकर्ता इस काम को करने की स्थिति में बिल्कुल भी नहीं है।
7) महतारी वंदन योजना को क्रियान्वित करने के लिए रात-रात भर जागकर कार्यकर्ताओं ने फॉर्म को भरा था एवं निजी स्तर 5 विभिन्न कंप्यूटर सेंटरों से भी फार्म भरे गए थे। इसके लिए विभाग से या सरकार से हमें कुछ भी नहीं मिला।
अब नए फरमान के अनुसार तमाम फॉर्म को दोबारा जांच करना है। पता करना है कि मृत्यु तो नहीं हुई है और इनकम टैक्स के दायरे में तो नहीं है आदि आदि। धमकी दी जा रही है कि गड़बड़ी पाए जाने पर हितग्राही को मिलने वाला पैसा आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के तनख्वाह से काटा जाएगा। पहले ही बस्तर की एक कार्यकर्ता को गलत तरीके से बर्खास्त कर दिया गया है। हम मांग करते हैं कि यह गैरविभागीय कार्य बंद करवाया जाए।
C) सरकार के द्वारा आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं सहायिकाओं से सरकारी कर्मचारियों से अधिक वर्कलोड दिया जा रहा है। अपने अलावा दूसरे विभागों के तमाम कार्य एवं तमाम सामाजिक एवं अन्य कार्य करवाए जाते हैं। और इन सब कार्यों को करवाने के लिए प्रशासन का रवैया तानाशाहीपूर्ण रहता है। लेकिन सरकार यह क्यों नहीं याद रखती है कि इन्हीं आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं सहायिकाओं को सरकारी कर्मचारी का दर्जा दिया जाए। सुप्रीम कोर्ट के ग्रेच्युटी के आदेश को लागू करना कैसे भूल जाती है। यह क्यों याद नहीं रहता कि रिटायरमेंट के बाद कार्यकर्ता सहायिकाओं को भीख मांगने के लिए छोड़ दिया जाता है। हमारी वर्षों से लंबित न्याय संगत मांगों पर विचार क्यों नहीं किया जाता, उन्हें क्यों नहीं माना जाता।
बॉक्स
१) पोषण ट्रैकर ऐप के नए वर्जन में आधार कार्ड, फोन नंबर एवं ईकेवाईसी आदि तत्काल बंद करवाया जाए।
२) प्रत्येक गतिविधि का अनावश्यक फोटो अपलोड बंद करवाया जाए। हितग्राही के किसी एक ही सदस्य का रजिस्ट्रेशन फोटो बंद करवा कर पहले की तरह करवाया जाए।
३) सभी को सभी कार्यकर्ताओं को अच्छे स्तर का 5G मोबाइल खरीदने के लिए ₹20000 प्रति कार्यकर्ता दिया जाए।
४) सुपोषण चौपाल, मोबाइल इंसेंटिव तथा इंटरनेट चार्ज प्रति माह दिया जाए। इंटरनेट चार्ज 350 रुपया प्रतिमाह दिया जाए। ईंधन की राशि बढ़ाई जाए या गैस सिलेंडर के का लिए प्रति माह कार्यकर्ता के खाते में पैसा जमा किया जाए। चावल की मात्रा प्रति बच्चा 100 ग्राम किया जाए।
५) गैर विभागीय कार्य करवाना तत्काल बंद किया जाए। महतारी वंदन योजना का बल यह कार्य करवाना बंद करवाया जाए। अगर बंद नहीं किया गया तो हम इसका
बहिष्कार करेंगे।
६) बड़े शहरी क्षेत्र में आंगनबाड़ी भवन किराया ₹7000, छोटे शहरों में ₹5000 और ग्रामीण क्षेत्रों में ₹3000 प्रतिमाह दिया जाए।
७) प्रत्येक आंगनबाड़ी केंद्र को प्रतिमाह ₹500 आकस्मिक निधि प्रदान की जाए।
८) गुजरात हाईकोर्ट के निर्णय अनुसार आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं एवं सहायिकाओं को शासकीय कर्मचारी घोषित किया जाए।
९) सुप्रीम कोर्ट के निर्णयानुसार ग्रेच्युटी का कानून आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सहायिकाओं पर लागू किया जाए।
१०) शासकीय कर्मचारी घोषित किये जाने तक श्रम कानून के तहत न्यूनतम का पारिश्रमिक आंगनबाड़ी कार्यकर्ता को कम से कम प्रति माह 21000/- और सहायिका बहनों को 18000/-स्वीकृत किया जावे।
११) सामाजिक सुरक्षा के रूप मे प्रोविडेंट फंड (भविष्य निधि), ग्रेच्युटी व चिकित्सा खर्च आदि लागू किया जाए।
१२) सभी को जीने लायक पेंशन न्यूनतम ₹10000 प्रति प्रतिमाह लागू किया जाए।
१३) कार्यकर्ता को बिना किसी बाधा के शत प्रतिशत सुपरवाइजर पदों पर पदोन्नति दी जाए एवं सहायिका को शत प्रतिशत कार्यकर्ता के पद पर पदोन्नति दी जाए।
१४) कार्यकर्ता व सहायिका की आकस्मिक मृत्यु होने पर परिवार को 10 लाख रुपए व एक सदस्य को अनुकंपा नियुक्ति का प्रावधान किया जाए।
१५) सेवानिवृत्ति होने पर कार्यकर्ता को ₹10 लाख व सहायिका को ₹8 लाख दिए जाएं। १६) कार्यकर्ता एवं सहायिका को स्वयं तथा परिवार के लिए चिकित्सा खर्च एवं सवैतनिक अवकाश दिया जाए। विभाग के शासकीय कर्मचारियों को जो अवकाश मिलते हैं उन्हें लागू किया जाए।
आज ज्ञापन सौंपने वालों में सुधा रात्रे प्रदेश अध्यक्ष सक्षम आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सहायिका कल्याण संघ,___
आज ज्ञापन सौंपने वालों में सुधा रात्रे प्रदेश अध्यक्ष छत्तीसगढ़ सक्षम आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सहायिका कल्याण संघ द्रोपदी साहू जिला अध्यक्छ छत्तीसगढ़ आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सहायिका संघ दमयंती शर्मा लता रेणु निराला छत्तीसगढ़ सक्षम आंगनबाड़ीसे जिला अध्यक्छ सुलेखा शर्मा छाया हिरवानी हेमलता मधुकर अंजू प्रजापति धनमती बघेल अहिल्या मरकाम संरक्षक अशोक गिरी गोस्वामी दिलीप तिवारी हाजरा निशा खान अहिल्या मरकाम सुल्तानाखान लल्ली आर्य जानकी आर्य रागिनी चंद्राकर सरिता बागडे रूपा भारती अंजू चंद्राकर त्रिवेणी रामदुलारी मानकी धूरे सुरजा छाया हिरवानी चंद्राकर चंद्रकला वर्मा अन्नपूर्णा चंद्राकर सुकृति ध्रुव योजना यादव संध्या चंद्राकर विमला सोना आभा साहू अंजुला चौरसिया किरण साहू उपस्थित थे।
आगामी 15 जनवरी से जनता की मूलभूत सुविधाओं से वंचित लोगों की समस्याओं से रु-ब-रु होंगे प्रकाश
रिपोर्टर मयंक गुप्ता
महासमुंद। पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष ने ठोका ताल, 15 जनवरी से शुरू होगा घर घर पहुंच, जानेंगे आम जनता का अभिमत। भाजपा से नगर पालिका के अध्यक्ष पद टिकट के मानते हैं अपने आप को प्रबल दावेदार। महासमुंद नगर पालिका के पूर्व अध्यक्ष प्रकाश चंद्राकर ने पत्रकारों से कहा कि ढाई साल के अल्प समय में मैने महासमुंद की जनता को तीन टाइम पानी देने का अपना वादा पूरा किया। कोरोना काल के महामारी और नगर पालिका के खस्ता हालत होने के बावजूद मैंने महासमुंद नगर पालिका के जनता को हर संभव सुविधा दिलाने का काम किया है। पूर्व पालिका अध्यक्ष ने कहा कि ढाई साल के अल्प समय होने के कारण आम जनता से मेरा किया हुआ वादा पूरा नहीं हुआ। मेरे द्वारा पालिका में बहुत सारे कामों को कराना बाकी रह गया। कांग्रेस पार्टी ने अपने सत्ता का दुरुपयोग करके भाजपा के कुछ पार्षदों को प्रलोभन देकर डरा धमका कर नगर पालिका अध्यक्ष पद को अलोकतांत्रिक तरीके से हथिया लिया। कांग्रेस द्वारा किस तरह से सत्ता का दुरुपयोग किया गया है इस बात का गवाह पूरा महासमुंद की जनता ने देखा है।
पूर्व नपा अध्यक्ष प्रकाश चंद्राकर ने आगे कहा कि अब फिर से समय आ गया है कि मैं अपने ढाई सालों में किए गए काम को लेकर जनता की बीच घर घर जा कर उनसे उनका विचार जानूं। महासमुंद की जनता और भाजपा ने अपना अभिमत मुझे देगी और मैं फिर से महासमुंद की जनता की सेवा कर मेरे द्वारा बचे अधूरे पालिका क्षेत्र के विकास काम को पूरा करूंगा।
श्री चंद्राकर ने आगे कहा कि महासमुंद की जनता को 24 घंटे पानी बिजली, देने का मेरा सपना है। वह मैं पूरा करूंगा। शहर को सर्व सुविधा युक्त बनाना मेरे पहली प्राथमिकता हमेशा से रही है। जनता का आशीर्वाद मिला तो यह काम बहुत जल्द पूरा होगा। प्रकाश चंद्राकर ने आगे कहा कि मैं तीन बार नगर पालिका क्षेत्र का पार्षद रहा, अध्यक्ष रहा। इस बीच मेरा जनता से सीधा संपर्क रहा। मैं पद में रहा तब और अब पद में नहीं हूं तब भी मेरी प्राथमिकता आम जनता ही रही है। आम जनता के बीच रहकर मैं काम करने का आदि हूं।
प्रकाश फैंस क्लब के सदस्य मेरे द्वारा पालिका क्षेत्र में ढाई साल किए गए काम को लेकर जनता के बीच 15 जनवरी से घर घर जाएंगे और उनका अभिमत जानने की कोशिश करेंगे। भारतीय जनता पार्टी पर मुझे पूरा भरोसा है कि वह मुझे अपना प्रत्याशी बनाएगी। प्रेसवार्ता के दौरान प्रकाश चंद्राकर के साथ, पूर्व पार्षद राजेश चंद्राकर, गोपाल चंद्राकर, राजू बाघमारे सहित अन्य लोग उपस्थित थे।
पुलिस अधीक्षक एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक के द्वारा हेलमेट जागरूकता रैली करने दिए निर्देश
रिपोर्टर मयंक गुप्ता
महासमुंद / हेलमेट जागरूकता रैली अभियान में पुलिस अधीक्षक कार्यालय, यातायात, थाना आजाक, थाना सिटी कोतवाली, रक्षित केंद्र महासमुंद के लगभग 150 अधिकारी एवं कर्मचारियों के द्वारा हेलमेट जागरूकता रैली निकाली गई।
विगत दिनांक 11.01.2025 को पुलिस अधीक्षक महोदय अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक महोदय के निर्देशानुसार एवं उप पुलिस अधीक्षक(यातायात), महासमुन्द के मार्गदर्शन में 🚦 सड़क सुरक्षा माह 2025 के दौरान यातायात जागरूकता अभियान के तहत हेलमेट जागरूकता रैली यातायात पुलिस अधीक्षक कार्यालय थाना आजाक थाना, सिटी कोतवाली एवं रक्षित केंद्र के 150 अधिकारी एवं कर्मचारियों के द्वारा हेलमेट जागरूकता रैली- पुलिस अधीक्षक कार्यालय महासमुंद से निकलकर महासमुंद शहर के बरोंडा चौक, कांग्रेस भवन चौक, अंबेडकर चौक, खरोरा जिला अस्पताल, तुमगांव चौंक ओवरब्रिज, खैरा, सर्किट हाउस बाद यातायात कार्यालय में उक्त रैली की समापन की गई ।
हेलमेट रैली के दौरान शहर वासियों को दोपहिया वाहन चलाते समय हेलमेट अनिवार्य रूप से लगाने जागरूक करने के साथ ही यातायात नियमों एवं संकेत जैसे दो पहिया वाहन में तीन सवारी न चलना, कार चलाते समय सीट बेल्ट का उपयोग करना, सड़क पर चलते समय यातायात संकेतों को पालन करना, सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्तियों की मदद करना, नाबालिक द्वारा वाहन ना चलाना, शराब सेवन कर वाहन ना चलाना, रोड में वाहनों का ओवरटेक ना करना, ट्रैफिक सिग्नलों का पालन करना, पैदल चलते समय ज़ेबरा क्रॉसिंग में चलना, इमरजेंसी वाहनों को रास्ता देना आदि यातायात संबंधित जानकारी देकर जागरूक किया गया।
शिक्षक संघ के लीडर गणेश चंद्राकर पर नाबालिग छात्रा से छेड़छाड़ का आरोप
रिपोर्टर मयंक गुप्ता
महासमुंद। छत्तीसगढ़ के महासमुंद जिले में एक कलयुगी शिक्षक ने अपने पेशे को तारतार कर दिया है. वह अपने ही स्कूल की नाबालिग छात्रा से अश्लील हरकत करता था। पीड़िता परिवार की शिकायत पर महासमुंद पुलिस ने आरोपी प्रधान पाठक के खिलाफ छेड़छाड़ और पास्को एक्ट के तहत मामला दर्ज कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार महासमुंद सिटी कोतवाली अंतर्गत ग्राम चिंगरौद के सरकारी स्कूल में पदस्थ शिक्षक ने एक नाबालिग बच्ची के साथ छेड़छाड़ कर शिक्षा जगत को शर्मसार कर दिया है। मामले की शिकायत महासमुंद सिटी कोतवाली में किया गया है। सिटी कोतवाली पुलिस ने आरोपी शिक्षक के खिलाफ अपराध क्रमांक 10/25 धारा 74 बीएन 10 पॉक्सो एक्ट, छेड़छाड़ के तहत मामला दर्ज कर आरोपी शिक्षक को गिरफ्तार कर लिया है।
गौरतलब है कि, महासमुंद के मौहारी भाटा निवासी गणेश चंद्राकर शिक्षक संघ के यूनियन लीडर भी है। वहीं इस मामले में ग्रामीणों ने स्कूल के दरवाजे पर ताला जड़ शिक्षक के खिलाफ जमकर आक्रोश व्यक्त किया है। ग्रामीणों का कहना है कि, सरकारी स्कूल का शिक्षक प्रधान पाठक गणेश चंद्राकर उम्र 55 साल द्वारा आए दिन स्कूल के छात्राओं के साथ छेड़छाड़ की शिकायत मिल रही थी। लगातार प्रधान पाठक द्वारा की जा रही छेड़छाड़ से परेशान छात्राओं ने अपने पलकों को इसकी जानकारी दी और मामला थाने तक जा पहुंचा। बहरहाल मामले में गणेश चंद्राकर को गिरफ्तार कर मामले को जांच में लिया हैं
8 जवान सहित 1 वाहन चालक की दर्दनाक मौत पर संपूर्ण प्रदेश में है आक्रोश
रिपोर्टर मयंक गुप्ता
महासमुंद / विगत दिनों बीजापुर जिले के कुटरू क्षेत्र में नक्सलियों द्वारा किए गए आईईडी विस्फोट में डिस्ट्रिक्ट रिजर्व गार्ड (डीआरजी) के 8 जवान और एक वाहन चालक शहीद हो गए। यह हृदयविदारक घटना प्रदेशवासियों के लिए गहरा शोक लेकर आई है।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और गृहमंत्री विजय शर्मा ने इस कायराना हमले की कड़ी निंदा करते हुए शहीद जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने शोक संतप्त परिवारों को सांत्वना देते हुए आश्वासन दिया कि प्रदेश सरकार नक्सलियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई करेगी।
भाजपा जिलाध्यक्ष एतराम साहू की प्रतिक्रिया
भाजपा जिला महासमुंद के जिलाध्यक्ष ऐतराम साहू ने इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया। उन्होंने कहा, “नक्सलियों का यह कायरतापूर्ण कृत्य निंदनीय है। भाजपा की सरकार जल्द से जल्द उन्हें कड़ी सजा देगी। हमारे वीर जवानों का बलिदान व्यर्थ नहीं जाएगा।”
यह घटना एक बार फिर नक्सल समस्या की गंभीरता को उजागर करती है और सुरक्षा बलों की चुनौतियों को रेखांकित करती है। प्रदेश की जनता शहीद जवानों के बलिदान को कभी भुला नहीं पाएगी।